₹4 करोड़ से अधिक के कथित जीएसटी फर्जीवाड़े का खुलासा, तीन आरोपी गिरफ्तार
आजमगढ़। सिधारी थाना पुलिस ने करोड़ों रुपये के कथित जीएसटी फर्जीवाड़े से जुड़े एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि आरोपियों पर फर्जी दस्तावेजों के आधार पर कंपनियां पंजीकृत कराकर गलत तरीके से जीएसटी बिल और ई-वे बिल जारी करने का आरोप है, जिससे सरकारी राजस्व को भारी नुकसान पहुंचा।
पुलिस के मुताबिक, गिरोह कथित तौर पर लोगों के आधार कार्ड, पैन कार्ड और अन्य दस्तावेजों का इस्तेमाल कर फर्जी फर्मों का पंजीकरण कराता था। इसके बाद इन फर्मों के नाम पर कागजी लेन-देन दिखाकर जीएसटी बिल और ई-वे बिल तैयार किए जाते थे। इस प्रक्रिया के जरिए कुछ संस्थाओं को अनुचित रूप से इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) का लाभ दिलाने का प्रयास किया जाता था।
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया। पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिली हैं, जिनके आधार पर गिरोह के अन्य संभावित सदस्यों की तलाश जारी है। पुलिस का दावा है कि इस नेटवर्क के जरिए करोड़ों रुपये के राजस्व नुकसान की आशंका है।
अधिकारियों के अनुसार, इस मामले में पहले दर्ज शिकायत और जांच के आधार पर कार्रवाई की गई है। बरामद दस्तावेजों और डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है ताकि पूरे नेटवर्क का पता लगाया जा सके।
पुलिस ने बताया कि आर्थिक अपराधों और कर चोरी से जुड़े मामलों में आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। वहीं, गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद अग्रिम कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई है।








