परिवार परामर्श प्रकोष्ठ की पहल से पारिवारिक विवाद में समझौता, एक परिवार फिर जुड़ा
आजमगढ़, 04 अक्टूबर 2026। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ के निर्देशन एवं अपर पुलिस अधीक्षक यातायात/नोडल अधिकारी महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन के पर्यवेक्षण में थाना कोतवाली परिसर स्थित परिवार परामर्श प्रकोष्ठ/नई-किरण में बैठक आयोजित की गई।
बैठक में कुल 10 पत्रावलियों में दोनों पक्षों को नोटिस एवं दूरभाष के माध्यम से सूचना देकर मध्यस्थता के लिए बुलाया गया। इनमें 8 पत्रावलियों में दोनों पक्ष उपस्थित हुए। परिवार परामर्श प्रकोष्ठ की टीम द्वारा दोनों पक्षों की समस्याओं को सुनते हुए परामर्श एवं समझाने-बुझाने का प्रयास किया गया। इसके परिणामस्वरूप एक प्रकरण में दोनों पक्षों के बीच आपसी सहमति से समझौता कराया गया।
समझौता कराए गए प्रकरण में आवेदिका द्वारा ससुराल पक्ष पर मारपीट एवं अन्य प्रकार से बार-बार प्रताड़ित किए जाने के आरोप लगाए गए थे। काउंसलिंग और आपसी संवाद के माध्यम से दोनों पक्षों के बीच सहमति बनाकर विवाद का समाधान कराया गया।
वहीं, दो पत्रावलियां अन्य कारणों से बंद की गईं, जबकि शेष मामलों में अग्रिम तिथि निर्धारित की गई है। संबंधित दोनों पक्षों को नोटिस एवं दूरभाष के माध्यम से अगली सुनवाई की जानकारी दी जाएगी।
बैठक में काउंसलर डॉ. उमेशचन्द्र पाण्डेय, उपनिरीक्षक महेन्द्र प्रसाद तिवारी, उपनिरीक्षक सत्यनारायण यादव, आरक्षी जितेन्द्र कुमार साह और आरक्षी सुनील कुमार गुप्ता मौजूद रहे।
नई-किरण प्रोजेक्ट का उद्देश्य पारिवारिक विवादों को आपसी संवाद, परामर्श एवं मध्यस्थता के माध्यम से सुलझाकर बिखरते परिवारों को पुनः एक सूत्र में जोड़ना है। इस पहल से पारिवारिक विवादों के समाधान में सहायता मिलने के साथ-साथ पारिवारिक न्यायालयों में लंबित मामलों के कार्यभार को कम करने में भी सहयोग मिलेगा।
इस बैठक में कुल 01 प्रकरण में समझौता कराया गया।आगे से जब आप पोर्टल के लिए खबर देंगे, तो संबंधित टीम/अधिकारियों के नाम भी इसी तरह मुख्य खबर की स्क्रिप्ट में स्वाभाविक रूप से शामिल कर दूंगा, अलग से पॉइंट नहीं बनाऊंगा।








