सभी त्योहार परंपरागत तरीके से हर्षोल्लास एवं शांतिपूर्ण ढंग से मनाएं, जिलाधिकारी
सुरक्षा मानकों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित किया जाए, जिलाधिकारी
पुलिस-प्रशासन त्योहारों को सुरक्षात्मक एवं सकुशल संपन्न कराने के लिए पूरी तरह सजग,एसएसपी

आजमगढ़, 07 अक्टूबर 2026। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार की संयुक्त अध्यक्षता में बुधवार को हरिऔध कला केंद्र, आजमगढ़ में आगामी त्योहारों—नवरात्रि, दशहरा, धनतेरस, दीपावली, कार्तिक पूजा, गुरुनानक जयंती एवं छठ पूजा आदि को सकुशल एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के दृष्टिगत शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में समस्त एडीएम, एएसपी, एसडीएम, क्षेत्राधिकारी पुलिस सहित संबंधित अधिकारियों, दुर्गा पूजा समिति के आयोजकों एवं संभ्रांत नागरिकों ने भाग लिया।
जिलाधिकारी ने आगामी त्योहारों की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सभी त्योहारों को परंपरागत तरीके से हर्षोल्लास एवं शांतिपूर्ण ढंग से मनाया जाए। उन्होंने समस्त सीओ एवं एसडीएम को मूर्ति विसर्जन स्थल एवं अन्य आवश्यक स्थलों का भ्रमण कर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने विसर्जन स्थलों पर प्रकाश एवं पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था, विद्युत सुरक्षा तथा अन्य सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि डीजे की आवाज निर्धारित डेसीबल से अधिक नहीं होनी चाहिए।

जिलाधिकारी ने रामलीला आयोजकों से कहा कि रामलीला के दौरान महिलाओं के बैठने के लिए सीटिंग प्लान अवश्य तैयार किया जाए, जिससे उन्हें किसी प्रकार की असुविधा न हो। साथ ही आयोजन में विभिन्न व्यवस्थाओं के लिए वालंटियरों की तैनाती करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि रावण दहन में पटाखों की संख्या बहुत कम रखी जाए, ताकि पटाखे फटने पर चिंगारी दूर तक न जाए और किसी प्रकार की दुर्घटना न हो। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि रावण दहन आबादी से दूर होने की स्थिति में ही पटाखों की अनुमति दी जाए। पटाखों की बिक्री के लिए सुरक्षा के दृष्टिगत पूरे जनपद में 62 मैदान चिन्हित किए गए हैं और चिन्हित स्थलों पर ही पटाखों की बिक्री की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि त्योहारों के दौरान आयोजकों की लापरवाही के कारण पंडाल में कोई दुर्घटना होती है तो उनके विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सुरक्षा मानकों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील करते हुए कहा कि सोशल मीडिया पर चल रही हर चीज सही नहीं होती, इसलिए किसी भी खबर की सत्यता की जांच अवश्य करें। ऐसा कोई भी कृत्य न करें, जिससे दूसरे समुदायों की भावनाएं आहत हों।

जिलाधिकारी ने कहा कि सभी प्रशासनिक तैयारियां पूरी गंभीरता से सुनिश्चित की जाएं। विभागीय स्तर पर किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने समस्त सीओ, एसडीएम एवं एसएचओ को मूर्ति विसर्जन रूटों का भ्रमण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां पेड़ों की डालियां लटकी हैं, उनकी छंटाई कराई जाए तथा नालियों को कवर कराया जाए। पूर्व में जहां घटनाएं हुई हैं, उन स्थानों पर विशेष ध्यान दिया जाए, उन्होंने आयोजकों से कहा कि यदि कोई व्यक्ति दिक्कत या विवाद उत्पन्न करता है तो तत्काल पुलिस को सूचना दें और कानून अपने हाथ में न लें। अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसी भी फोन कॉल पर तत्काल रिस्पॉन्स करें और त्योहारों के दौरान पूरी तरह सजग रहें।
जिलाधिकारी ने अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व को निर्देश दिया कि छठ पूजा के लिए शहरी क्षेत्र में निर्धारित घाटों एवं स्थानों की साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, पब्लिक एड्रेस सिस्टम और पेयजल आदि की व्यवस्था अधिशासी अधिकारी नगर पालिका एवं नगर पंचायत के माध्यम से पहले से सुनिश्चित कराई जाए। जिला पंचायत राज अधिकारी को ग्रामीण क्षेत्रों में छठ पूजा के निर्धारित घाटों एवं स्थानों पर साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, पब्लिक एड्रेस सिस्टम एवं पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने छठ पूजा के घाटों पर नाव एवं गोताखोरों की व्यवस्था पहले से कराने तथा गोताखोरों के माध्यम से घाटों के किनारों की गहराई का पता लगाकर बैरिकेडिंग कराने के निर्देश दिए। विद्युत विभाग को जुलूस मार्गों एवं मूर्ति विसर्जन के रास्तों पर लटक रहे विद्युत तारों एवं खंभों को ठीक कराने के निर्देश दिए।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने समस्त एसडीएम, सीओ एवं थाना प्रभारियों को निर्देश दिया कि पंडाल समितियों एवं डीजे संचालकों के साथ बैठक कर उन्हें निर्धारित डेसीबल के अनुसार ही डीजे बजाने के लिए निर्देशित करें। उन्होंने कहा कि डीजे पर बार डांस, अश्लील, भड़काऊ या किसी की भावनाओं को आहत करने वाले गाने नहीं बजने चाहिए।
उन्होंने कहा कि आम जनमानस के सहयोग से पुलिस एवं प्रशासन त्योहारों को सुरक्षात्मक एवं सकुशल संपन्न कराएगा। उन्होंने सभी एसडीएम एवं सीओ को आयोजकों के साथ बैठक करने तथा आयोजन स्थलों का निरीक्षण कर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
एसएसपी ने आयोजकों को निर्देशित किया कि पंडाल हाईटेंशन तार के नीचे अथवा ट्रांसफार्मर के बगल में नहीं होना चाहिए। पंडाल में ज्वलनशील पदार्थों का उपयोग न किया जाए। पंडाल कम से कम दो साइड से खुला हो तथा आने और जाने के लिए अलग-अलग गेट बनाए जाएं। मुख्य अग्निशमन अधिकारी द्वारा पंडाल में इलेक्ट्रिक एवं फायर सुरक्षा का सर्टिफिकेट दिए जाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने सुरक्षा के दृष्टिगत पंडाल के अंदर बाल्टी में पानी एवं बालू की व्यवस्था रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी एसडीएम एवं सीओ आयोजकों के साथ बैठक कर सुरक्षा समिति का गठन करें। किसी शरारती तत्व द्वारा घटना को अंजाम दिए जाने पर उसके विरुद्ध सुसंगत धाराओं में कार्रवाई की जाए।

एसएसपी ने थाना प्रभारियों को निर्देश दिया कि जो भी परंपरागत आयोजन हैं, उनकी निर्धारित शर्तों के अनुसार ही आयोजकों को अनुमति दी जाए। किसी भी प्रकार की आपात स्थिति होने पर तत्काल 112 पर कॉल करें। उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग से आगामी त्योहारों को सकुशल संपन्न कराया जाएगा बैठक में आयोजक मंडलों द्वारा विद्युत, रास्ता, विसर्जन स्थल, साफ-सफाई आदि से संबंधित शिकायतें भी रखी गईं, जिनके निस्तारण के लिए जिलाधिकारी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी राकेश कुमार पटेल, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व, अपर जिलाधिकारी प्रशासन संजय चावला, अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण चिराग जैन, अपर पुलिस अधीक्षक नगर मधुवन कुमार सिंह, समस्त उप जिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी, संबंधित जिला स्तरीय अधिकारी तथा अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।








