भीषण गर्मी में बिजली संकट पर फूटा गुस्सा, फुलवरिया बाजार में सड़क पर उतरे लोग
अहरौला के फुलवरिया बाजार में शुक्रवार को बिजली संकट को लेकर लोगों का गुस्सा सड़क पर फूट पड़ा। व्यापारी, किसान और युवाओं ने बिजली विभाग के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए जल्द समाधान की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने मौके पर वरिष्ठ अधिकारियों को बुलाने की मांग करते हुए आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले करीब 15 दिनों से क्षेत्र में बिजली व्यवस्था चरमरा गई है। भीषण गर्मी के बावजूद दिनभर में केवल दो से तीन घंटे ही बिजली मिल रही है, वह भी कम वोल्टेज पर। इससे लोगों को पानी, पंखा और अन्य जरूरी सुविधाओं के लिए परेशानी झेलनी पड़ रही है। बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों की दिक्कतें और बढ़ गई हैं। मोबाइल और इन्वर्टर चार्ज करना भी मुश्किल हो गया है।
उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया कि विभाग द्वारा जारी शिकायत नंबरों पर संपर्क करने के बावजूद कोई संतोषजनक कार्रवाई नहीं हो रही है। लोगों ने फुलवरिया बाजार की खराब बिजली व्यवस्था के लिए संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की जवाबदेही तय करने की मांग की। बताया गया कि रेडहा बिजली उपकेंद्र पर 13 मई से 10 एमबीए का ट्रांसफार्मर खराब पड़ा है, जिससे आपूर्ति प्रभावित हो रही है।
प्रदर्शनकारियों ने जनप्रतिनिधियों और जिम्मेदार अधिकारियों पर भी नाराजगी जताई। उनका कहना था कि क्षेत्र में बड़े नेता और मंत्री मौजूद रहने के बावजूद बिजली समस्या के समाधान के लिए प्रभावी पहल नहीं की गई। मौके पर पहुंचे बिजली विभाग के कर्मचारियों ने आपूर्ति बहाल करने का प्रयास किया और उच्च अधिकारियों से बातचीत की। अधिकारियों की ओर से अगले दिन फुलवरिया पहुंचकर लोगों की शिकायतें सुनने का आश्वासन दिया गया है।
स्थानीय लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि खराब बिजली आपूर्ति के बावजूद भारी बिजली बिल भेजे जा रहे हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि कई घरों में हर महीने हजारों रुपये के बिल आ रहे हैं, जबकि बिजली नाममात्र की मिल रही है। प्रदर्शन में क्षेत्र के कई व्यापारी और ग्रामीण मौजूद रहे।








