उत्तर प्रदेश में 2031 तक स्थापित होंगे 500 ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर, सीएम योगी ने किया जीसीसी समिट का उद्घाटन
लखनऊ। उत्तर प्रदेश को वैश्विक तकनीक, निवेश और रोजगार का प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में योगी सरकार ने बड़ा लक्ष्य निर्धारित किया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को लखनऊ स्थित द सेंट्रम होटल में आयोजित जीसीसी समिट का उद्घाटन किया। इस दौरान वर्ष 2031 तक प्रदेश में 500 ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (जीसीसी) स्थापित करने की योजना की जानकारी दी गई मुख्यमंत्री ने कहा कि मजबूत औद्योगिक आधार, कुशल मानव संसाधन, बेहतर बुनियादी ढांचे और निवेश के अनुकूल नीतियों के दम पर उत्तर प्रदेश वैश्विक कंपनियों के लिए आकर्षक गंतव्य बन रहा है। सरकार का लक्ष्य प्रदेश को उन्नत तकनीक, वैश्विक कारोबारी संचालन और रोजगार सृजन के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करना है।
निवेशकों को जारी किए गए पांच लेटर ऑफ कम्फर्ट
समिट के दौरान निवेशकों के साथ 15 समझौता ज्ञापनों (एमओयू) की जानकारी दी गई। इसके अतिरिक्त पांच निवेशकों को लेटर ऑफ कम्फर्ट जारी किए गए। इनमें हैवेल्स इंडिया लिमिटेड, एम्पायराज इंडिया एलएलपी, मेटलाइफ ग्लोबल ऑपरेशंस सपोर्ट सेंटर प्राइवेट लिमिटेड, एलजी सॉफ्ट इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और डब्ल्यूएसपी कंसल्टेंट्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड शामिल हैं।
6.7 लाख पेशेवरों की उपलब्धता
कार्यक्रम में बताया गया कि उत्तर प्रदेश में करीब 6.7 लाख पेशेवर हैं, जिनमें लगभग तीन लाख तकनीक और इंजीनियरिंग के क्षेत्र से जुड़े हैं। प्रदेश में तकनीकी विकास को बढ़ावा देने के लिए स्टेट एआई मिशन, डीप-टेक हब, एआई सिटी और रोबोटिक्स क्लस्टर जैसी पहलें भी आगे बढ़ाई जा रही हैं।
एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स करेगी 634 करोड़ रुपये का निवेश
समिट में एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स की ओर से उत्तर प्रदेश में 634 करोड़ रुपये के निवेश की योजना की जानकारी दी गई। वहीं, नोएडा में स्मार्टवर्क्स की ओर से 20 लाख वर्ग फुट क्षेत्र में जीसीसी सिटी विकसित करने की योजना भी सामने आई। इन प्रस्तावों से प्रदेश में तकनीकी क्षेत्र के विस्तार और रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है।
शैक्षणिक संस्थानों और कंपनियों के साथ सहयोग
जीसीसी के विकास के लिए कई शैक्षणिक संस्थानों और कंपनियों के साथ सहयोग पर भी जोर दिया गया। इसका उद्देश्य उद्योगों की जरूरत के अनुरूप कुशल प्रतिभाएं तैयार करना और उत्तर प्रदेश को वैश्विक कंपनियों के लिए पसंदीदा निवेश गंतव्य बनाना है प्रदेश सरकार की इन पहलों से तकनीकी निवेश, रोजगार और औद्योगिक विकास को गति मिलने की उम्मीद है। हालांकि, निर्धारित लक्ष्य की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि निवेश प्रस्तावों और समझौतों को कितनी तेजी से धरातल पर उतारा जाता है








