तीन सूत्री मांगों को लेकर नगर परिषद सुपौल के कर्मियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू, सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन
बिहार लोकल बॉडीज इंप्लाइज फेडरेशन, इकाई सुपौल के बैनर तले नगर परिषद सुपौल के कर्मियों ने अपनी तीन सूत्री मांगों को लेकर गुरुवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी। हड़ताल के पहले दिन कर्मचारियों ने बिहार सरकार और नगर विकास विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए शहर में विरोध मार्च निकाला।

हड़ताल के दौरान बिहार स्टेट लोकल बॉडीज इंप्लाइज फेडरेशन के महामंत्री मोहम्मद असजद आलम उर्फ अप्पू ने कहा कि सरकार और कर्मचारी प्रतिनिधियों के बीच हुई वार्ता विफल रहने के कारण कर्मचारियों को मजबूर होकर अनिश्चितकालीन हड़ताल का रास्ता अपनाना पड़ा है। उन्होंने कहा कि वर्षों से नगर निकायों में कार्यरत दैनिक वेतनभोगी सफाई कर्मी, संविदा कर्मी एवं अन्य अस्थायी कर्मचारी पूरी निष्ठा से अपनी सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन आज तक उनकी सेवा को नियमित नहीं किया गया। ऐसे कर्मचारियों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए उनकी सेवा का नियमितीकरण और स्थायी सुरक्षा सुनिश्चित करना आवश्यक है।

महामंत्री ने कहा कि उनकी दूसरी प्रमुख मांग नगर निकायों में लागू ठेका एवं आउटसोर्सिंग व्यवस्था को पूरी तरह समाप्त करना है। उनका कहना था कि इस व्यवस्था के कारण कर्मचारियों का आर्थिक और सामाजिक शोषण हो रहा है तथा उन्हें समान कार्य के बदले उचित अधिकार और सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं।
उन्होंने आगे कहा कि तीसरी मांग एसीपी/एमएसीपी योजना का पूर्ण रूप से क्रियान्वयन तथा वर्षों से लंबित बकाया राशि का शीघ्र भुगतान है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि जब तक सरकार उनकी तीनों मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लेती, तब तक यह आंदोलन चरणबद्ध तरीके से जारी रहेगा और आवश्यकता पड़ने पर इसे और व्यापक बनाया जाएगा।

हड़ताल के दौरान नगर परिषद के सभी कर्मचारी कार्यालय से निकलकर लोहिया नगर चौक, रेलवे स्टेशन चौक, महावीर चौक सहित शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से विरोध मार्च निकालते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के बाद सभी कर्मचारी पुनः नगर परिषद कार्यालय पहुंचे, जहां कार्यालय के मुख्य गेट पर ताला लगाकर धरने पर बैठ गए और अपनी मांगों के समर्थन में प्रदर्शन जारी रखा।








