अमरीश सिंह हमले मामले में परिवार का बयान, सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों का किया खंडन
आजमगढ़ में अमरीश सिंह पर हुए जानलेवा हमले के मामले में अब नया मोड़ सामने आया है। प्रेस वार्ता के दौरान घायल अमरीश सिंह के भाई मानवेंद्र सिंह और पिता अनिल सिंह ने पूरे घटनाक्रम को लेकर परिवार की ओर से अपना पक्ष रखा और सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाओं को भ्रामक बताया।
परिजनों के अनुसार 17 मई की रात करीब 9 बजे अमरीश सिंह चिरैयाकोट स्थित एक त्रयोदशाह कार्यक्रम से घर लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में अमन सिंह ने उनकी कार को रोक लिया और कथित तौर पर कई राउंड फायरिंग की। परिवार का दावा है कि हमले के समय अमरीश सिंह निहत्थे थे और स्वयं वाहन चला रहे थे।
हमले में गंभीर रूप से घायल अमरीश सिंह को इलाज के लिए वेदांत हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका ICU में उपचार चल रहा है। परिजनों ने बताया कि उनके शरीर में अभी भी एक गोली फंसी हुई है।
मानवेंद्र सिंह ने कहा कि कुछ लोग इस घटना को सोशल मीडिया पर “गैंगवार” बताकर गलत तरीके से पेश कर रहे हैं, जबकि यह पूरी तरह निराधार है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अमरीश सिंह और अमन सिंह के बीच पहले से एक पुराने विवाद को लेकर तनाव चल रहा था। परिवार का आरोप है कि समझौते के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा था और धमकियां भी दी गई थीं।
परिजनों ने मीडिया से अपील की कि घटना को तथ्यों के आधार पर प्रस्तुत किया जाए। साथ ही उन्होंने वायरल हो रहे एक वीडियो को पुराना बताते हुए कहा कि वह वर्ष 2025 का स्वागत कार्यक्रम का वीडियो है, जिसका मौजूदा घटना से कोई संबंध नहीं है। इस मामले का संज्ञान SP ग्रामीण द्वारा भी लिया जा चुका है।
परिवार ने प्रशासन से आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए न्याय दिलाने की अपील की है।








