आयुर्वेदिक चिकित्सालय के बंद पड़े कक्षों को जल्द संचालित करने के निर्देश, तीन दिन में स्टॉक व्यवस्थित करने को कहा….
आजमगढ़। रविन्द्र कुमार ने बुधवार को राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय एलवल का औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने मरीजों से संवाद कर उपलब्ध चिकित्सकीय सुविधाओं की जानकारी ली तथा चिकित्सालय परिसर में संचालित विभिन्न व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। जिलाधिकारी ने केन्द्रीय औषधि स्टोर रूम, ओपीडी कक्ष, औषधि वितरण कक्ष, योग अभ्यास हाल और शौचालय आदि का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। ओपीडी में मौजूद मरीजों से बातचीत के दौरान उन्होंने इलाज एवं दवा वितरण की स्थिति की जानकारी भी प्राप्त की।

निरीक्षण के दौरान मेडिकल ऑफिसर आयुर्वेदिक डॉ. मोनिका अग्रवाल ने बताया कि जनपद में आयुर्वेद के 49 और यूनानी के 11 चिकित्सालय संचालित हैं। उन्होंने कहा कि इन संस्थानों में दवाओं की उपलब्धता केन्द्रीय औषधि स्टोर के माध्यम से सुनिश्चित कराई जाती है।

केन्द्रीय औषधि स्टोर के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पाया कि आयुर्वेदिक दवाओं के पाउडर पैकेट सीलनयुक्त फर्श पर रखे गए थे, जिससे दवाओं के प्रभावित होने की आशंका बनी हुई थी। इस पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताते हुए औषधि वितरण प्रभारी को निर्देश दिया कि तीन दिन के भीतर समस्त दवा स्टॉक को सुरक्षित एवं व्यवस्थित तरीके से रखकर अनुपालन आख्या प्रस्तुत की जाए। हालांकि निरीक्षण के दौरान आयुर्वेदिक एवं यूनानी दवाओं की एक्सपायरी डेट सही पाई गई।

डीएम ने चिकित्सालय परिसर में बंद पड़े सभी कक्षों को खुलवाकर निरीक्षण किया। कुछ कक्ष अव्यवस्थित एवं लंबे समय से अक्रियाशील पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की और निर्देश दिया कि सभी कक्षों को शीघ्र संचालित कर जनहित में स्वास्थ्य सेवाओं को प्रभावी बनाया जाए।
जिलाधिकारी ने चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य कर्मियों को निर्देशित किया कि शासन की मंशा के अनुरूप अस्पताल आने वाले प्रत्येक मरीज को बेहतर उपचार एवं निःशुल्क दवा उपलब्ध कराई जाए, ताकि आयुष चिकित्सा सेवाएं अधिक प्रभावी और जनोपयोगी बन सकें।









