पुलिस पर फायरिंग के बाद जवाबी कार्रवाई में पैर में लगी गोली, तमंचा-चापड़ और चाकू बरामद; तीन आरोपी फरार
सरायमीर/आजमगढ़। थाना सरायमीर क्षेत्र के सदरपुर (शाहपुर) में कुंवर नदी के किनारे प्रतिबंधित पशु के अवशेष मिलने के मामले का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा करने का दावा किया है। मंगलवार रात पुलिस और आरोपियों के बीच हुई मुठभेड़ में एक आरोपी घायल हो गया, जिसे गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं तीन आरोपी अंधेरे और खेतों का फायदा उठाकर फरार हो गए।
घटना 8 सितंबर को सामने आई थी। सूचना के बाद पुलिस ने मौके पर पशु चिकित्साधिकारी से जांच कराकर नमूने लिए थे। मामले में थाना सरायमीर पर मु0अ0सं0 228/2026, धारा 3/8 गोवध निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना के खुलासे के लिए पुलिस की तीन टीमें गठित की गई थीं।
पुलिस के अनुसार, 9 सितंबर की रात मुखबिर से सूचना मिली कि घटना में शामिल आरोपी हथियारों के साथ सदरपुर से कादनपट्टी की ओर जा रहे हैं। प्रभारी निरीक्षक भुवनेश कुमार चौबे पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घेराबंदी की। पुलिस को देखकर चार आरोपी भागने लगे। इसी दौरान एक आरोपी ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में उसके बाएं पैर में गोली लग गई और उसे मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।
घायल आरोपी की पहचान मो. साबिर (28) पुत्र स्व. शकील निवासी शाहपुर सदरपुर के रूप में हुई। उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। पुलिस ने उसके कब्जे से एक देशी तमंचा .315 बोर, एक खोखा, एक जिंदा कारतूस, एक चापड़, दो छुरे और लकड़ी का ठीहा बरामद किया है।
फील्ड यूनिट ने घटनास्थल से खून लगी मिट्टी सहित अन्य साक्ष्य भी जुटाए हैं। पुलिस के मुताबिक पूछताछ में साबिर ने अपने साथियों सैफ पुत्र शमीम, आजम पुत्र इरफान उर्फ पप्पू और असजद पुत्र मोकिम के साथ मिलकर घटना को अंजाम देने की बात बताई है।
पुलिस फरार तीनों आरोपियों की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।








